नमस्कार, आपका स्वागत है आपके अपने यूटी हिमाचल वेबसाइट और फेसबुक पेज पर।
हम आपको आपके आसपास की ताज़ा, सटीक और विश्वसनीय खबरों से अवगत कराते हैं। यदि आपके पास भी अपने क्षेत्र से जुड़ी कोई महत्वपूर्ण खबर है और आपको लगता है कि वह मीडिया में आनी चाहिए, तो आप हमें अवश्य भेजें। आप ईमेल या फेसबुक के माध्यम से हमें अपनी न्यूज़ भेज सकते हैं। आपकी भेजी गई खबर आपके नाम से प्रकाशित की जाएगी
शिमला में 335 ग्राम से अधिक चिट्टा सप्लाई का खुलासा, जीरकपुर (पंजाब) से संचालित अंतरराज्यीय नेटवर्क का भंडाफोड़; 2 तस्कर गिरफ्तार
शिमला। जिला पुलिस शिमला ने एनडीपीएस एक्ट के तहत दर्ज पांच अलग-अलग मामलों की बैकवर्ड लिंकेज जांच करते हुए एक बड़े अंतरराज्यीय नशा तस्करी नेटवर्क का पर्दाफाश करने का दावा किया है। पुलिस के अनुसार ठियोग, बालूगंज, रामपुर और कुमारसैन थानों में दर्ज मामलों की समानांतर और तकनीकी जांच के दौरान यह सामने आया कि गिरफ्तार किए गए विभिन्न आरोपियों को कथित तौर पर चिट्टा सप्लाई करने वाला मुख्य सरगना विजय उर्फ डेविड है, जो पंजाब के जीरकपुर से हिमाचल प्रदेश के कई क्षेत्रों में हेरोइन की आपूर्ति कर रहा था।
पुलिस सूत्रों के मुताबिक, अलग-अलग मामलों में पकड़े गए आरोपियों से पूछताछ और डिजिटल साक्ष्यों के विश्लेषण के दौरान एक समान कड़ी सामने आई। कॉल डिटेल रिकॉर्ड, वित्तीय लेनदेन और अन्य तकनीकी इनपुट के आधार पर पुलिस को संदेह हुआ कि सप्लाई का स्रोत राज्य से बाहर है। इसके बाद भौतिक और इलेक्ट्रॉनिक साक्ष्यों का गहन परीक्षण किया गया, जिससे आरोपी विजय उर्फ डेविड की कथित संलिप्तता स्थापित होने का दावा किया गया।
जिला पुलिस ने इस इनपुट के आधार पर थाना ठियोग की एक विशेष टीम का गठन कर उसे पंजाब रवाना किया। बताया जा रहा है कि 24 घंटे से अधिक समय तक चले फील्ड ऑपरेशन और तकनीकी ट्रैकिंग के बाद पुलिस टीम ने जीरकपुर में दबिश देकर विजय उर्फ डेविड और उसके सहयोगी नितेश शर्मा उर्फ माइक को गिरफ्तार कर लिया। दोनों आरोपियों को कानूनी प्रक्रिया के तहत हिरासत में लेकर आगे की कार्रवाई शुरू की गई है।
प्रारंभिक जांच में यह भी सामने आया है कि आरोपी विजय शिमला शहर, ठियोग, रामपुर और रोहड़ू सहित विभिन्न क्षेत्रों में 70 से अधिक व्यक्तियों को नियमित रूप से चिट्टा की सप्लाई कर रहा था। पुलिस का दावा है कि यह नेटवर्क सुनियोजित तरीके से कार्य कर रहा था, जिसमें स्थानीय स्तर पर छोटे तस्करों के माध्यम से नशे की खेप आगे पहुंचाई जाती थी। हालांकि इन दावों की विस्तृत पुष्टि जांच पूरी होने के बाद ही हो सकेगी।
पुलिस रिकॉर्ड के अनुसार मुख्य आरोपी के खिलाफ पहले भी चार आपराधिक मामले दर्ज हैं। वर्ष 2023 में ठियोग क्षेत्र से 180 ग्राम चिट्टा बरामदगी का मामला भी उसके खिलाफ दर्ज बताया जा रहा है। वर्तमान में जिन पांच मामलों की जांच की जा रही है, उनमें कुल मिलाकर 335 ग्राम से अधिक चिट्टा सप्लाई की पुष्टि होने का दावा किया गया है। पुलिस अब यह पता लगाने का प्रयास कर रही है कि इस नेटवर्क के माध्यम से अब तक कुल कितनी मात्रा में नशीला पदार्थ विभिन्न क्षेत्रों में पहुंचाया गया।
जांच एजेंसियां अब आरोपियों के बैंक खातों, मोबाइल डाटा, संपर्क सूत्रों और संभावित सहयोगियों की भूमिका की भी जांच कर रही हैं। यह भी देखा जा रहा है कि क्या इस नेटवर्क के तार अन्य राज्यों से भी जुड़े हैं। पुलिस का कहना है कि आने वाले दिनों में और गिरफ्तारियां संभव हैं।
एसपी शिमला गौरव सिंह ने मामले की पुष्टि करते हुए बताया कि जिला पुलिस नशा तस्करी के विरुद्ध सख्त अभियान चला रही है। उन्होंने कहा कि अंतरराज्यीय नेटवर्क पर विशेष निगरानी रखी जा रही है और ऐसे मामलों में तकनीकी व खुफिया तंत्र का प्रभावी उपयोग किया जा रहा है। उन्होंने आम जनता से भी अपील की कि नशे से संबंधित किसी भी गतिविधि की सूचना तुरंत पुलिस को दें।
फिलहाल दोनों आरोपियों को न्यायालय में पेश करने की प्रक्रिया जारी है और रिमांड के दौरान उनसे और पूछताछ की जाएगी। पुलिस का कहना है कि मामले की जांच अभी प्रारंभिक चरण में है और जैसे-जैसे जांच आगे बढ़ेगी, कई महत्वपूर्ण तथ्य सामने आ सकते हैं।
#Shimla #Zirakpur #DrugNetwork #NDPSAct #ChittaCase #HimachalPradesh #InterStateCrime #SPShimla #UTHimachal #UniqueTodayNews
